खेल जगत में नाम बनाने के बाद महेंद्र सिंह धोनी संन्यास के बाद सादा जीवन व्यतीत करते नजर आ रहे हैं। उनकी लाइफ लाइमलाइट से दूर रहती है। उनका सादा जीवन सभी के लिए प्रेरणास्रोत है। न केवल मैदान पर बल्कि मैदान के बाहर भी उनके आचरण से आज के युवाओं के लिए बहुत कुछ सीखा जा सकता है। एमएस धोनी का जन्म एक मध्यमवर्गीय परिवार में हुआ था।उनके पिता का नाम पान सिंह धोनी और माता का नाम देवकी धोनी है। आपको जानकर हैरानी होगी कि धोनी के दो भाई और एक बहन हैं। उनके भाई नरेंद्र सिंह धोनी के बारे में ज्यादातर लोग नहीं जानते हैं, जो धोनी से बड़े हैं।

महेंद्र सिंह धोनी की बहन जयंती एक स्कूल में अंग्रेजी की शिक्षिका हैं। कम ही लोग जानते हैं कि एमएस धोनी ने अपने माता-पिता के विरोध के बावजूद क्रिकेट खेलना जारी रखा और इसमें जयंती धोनी ने उनका साथ दिया। उन्होंने महेंद्र सिंह धोनी का हर कदम पर साथ दिया। जयंती धोनी की शादी गौतम गुप्ता नाम के शख्स से हुई थी।
महेंद्र सिंह धोनी, इस नाम के बारे में बहुत कम लोग जानते होंगे। नरेंद्र सिंह धोनी 2014 के लोकसभा चुनाव से समाजवादी पार्टी से जुड़े राजनेता हैं। महेंद्र सिंह धोनी ने 10 साल की उम्र में घर छोड़ दिया था। घर से निकलने का कारण आज तक पता नहीं चल पाया है। महेंद्र सिंह धोनी के पिता पान सिंह धोनी मूल रूप से उत्तराखंड के अल्मोड़ा जिले के रहने वाले हैं। महेंद्र सिंह धोनी की मां देवकी देवी गृहिणी हैं। उन्होंने अपना पूरा जीवन बच्चों की देखभाल और घर के कामों में लगा दिया।

एमएस धोनी ने साल 2010 में साक्षी रावत से शादी की थी। साक्षी रावत होटल मैनेजमेंट की छात्रा थीं। दोनों ने 4 जुलाई को शादी की और फरवरी 2015 में माता-पिता बने। दोनों ने नन्ही परी का स्वागत किया, दोनों ने उसका नाम जीवा रखा। शादी के तुरंत बाद उन्होंने साल 2010 में आईपीएल का खिताब भी अपने नाम किया।
